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शुक्रवार, 22 जुलाई 2011

भावनाएं बांटे मन क्या सच में?

मिले जब
अपनों का साथ,
मन ही
मन हो
अपनों से
अपनी बात

मेरी भावनाएं हों,
या एहसास;अंतर्मन के
बांटे मन
क्या सच में?

2 टिप्‍पणियां:

संगीता स्वरुप ( गीत ) ने कहा…

कभी कभी संशय होता है की क्या सच में हम अपनों से भावनाएं बाँट रहे हैं ..अच्छी प्रस्तुति

श्रीप्रकाश डिमरी /Sriprakash Dimri ने कहा…

बेहतरीन ..भाव पूर्ण एहसास की अभिव्यक्ति ..
सादर शुभकामनाएं !!!